पाँचवाँ वाक्य-प्रारूप - सारे रूप एक साथ
पाँचवें वाक्य-प्रारूप का ढाँचा 'कर्ता + क्रिया + कर्म + कर्म पूरक' है, और पूरक की जगह पर संज्ञा·विशेषण·मूल रूप·to वाला रूप·-ing·भूतकालिक कृदंत (p.p.) — छह रूप आ सकते हैं; कौन-सा रूप आएगा, यह आगे वाली क्रिया तय करती है.
व्याख्या
पाँचवें वाक्य-प्रारूप का ढाँचा 'कर्ता + क्रिया + कर्म + कर्म पूरक' है, और पूरक की जगह पर संज्ञा·विशेषण·मूल रूप·to वाला रूप·-ing·भूतकालिक कृदंत (p.p.) — छह रूप आ सकते हैं; कौन-सा रूप आएगा, यह आगे वाली क्रिया तय करती है.
A. कर्म पूरक की जगह पर आने वाले 6 रूप
कर्म के पूरक में संज्ञा·विशेषण·मूल रूप·to वाला रूप·-ing·भूतकालिक कृदंत — ये छह रूप आते हैं, और हर रूप कर्म से अपना संबंध (पहचान·दशा·कर्तृवाच्य·कर्मवाच्य) अलग ढंग से दिखाता है. कर्म पूरक = संज्ञा / विशेषण / मूल / to / -ing / p.p. इन छहों को एक सेट में याद कीजिए.
| पूरक का रूप | अर्थ-संबंध | नमूना |
|---|---|---|
| संज्ञा | कर्म की पहचान | They call him a genius. |
| विशेषण | कर्म की दशा | The music makes me calm. |
| क्रिया का मूल रूप | कर्तृवाच्य काम (पूरा देखा/करवाया) | I saw her leave. |
| to वाला रूप | अनुरोध·उम्मीद·अनुमति | He asked me to stay. |
| वर्तमान कृदंत (-ing) | कर्तृवाच्य काम (चलते हुए) | I saw her leaving. |
| भूतकालिक कृदंत (p.p.) | कर्मवाच्य दशा | I had my car repaired. |
- We named the puppy Coco. (हमने पिल्ले का नाम Coco रखा.)
- The coffee kept me awake. (कॉफ़ी ने मुझे जगाए रखा.)
- I felt someone touch my shoulder. (मैंने महसूस किया कि किसी ने मेरा कंधा छुआ.)
- She got her hair cut yesterday. (उसने कल अपने बाल कटवाए.)
B. हर रूप के प्रमुख क्रिया-समूह
कौन-सा पूरक आएगा यह आगे वाली क्रिया तय करती है, इसलिए क्रिया-समूह के हिसाब से बाँधकर याद करने पर ही असली प्रयोग में डगमगाहट नहीं होती. ख़ासकर प्रेरणार्थक (make/let/have) और इंद्रियबोधक (see/hear/feel/watch) क्रियाओं में मूल रूप तथा -ing के भाव का अंतर साथ ही याद कीजिए.
| क्रिया-समूह | कर्म पूरक | नमूना |
|---|---|---|
| call, name, elect, appoint | संज्ञा | They elected him chairman. |
| make, keep, find, leave | विशेषण | I found the book interesting. |
| make, let, have (प्रेरणार्थक) | क्रिया का मूल रूप | She made me laugh. |
| see, hear, feel, watch (इंद्रियबोधक) | मूल रूप / -ing | I saw him run / running. |
| want, expect, ask, tell, allow | to वाला रूप | I want you to come. |
| get, have (प्रेरणार्थक कर्मवाच्य) | भूतकालिक कृदंत | I had my phone fixed. |
- The teacher let us go home early. (शिक्षक ने हमें जल्दी घर जाने दिया.)
- I heard the baby crying all night. (मैंने पूरी रात बच्चे को रोते सुना.)
- They expect us to arrive by 6. (उन्हें उम्मीद है कि हम 6 बजे तक पहुँच जाएँगे.)
- She got her wallet stolen. (उसका बटुआ चोरी हो गया.)
C. प्रसंग के हिसाब से पूरक पहचानने का तरीक़ा
पहले देखिए कि कर्म और पूरक का संबंध कर्तृवाच्य है या कर्मवाच्य, और कर्तृवाच्य हो तो क्रिया प्रेरणार्थक·इंद्रियबोधक·अनुरोध वाली में से किस श्रेणी की है, उसी से मूल·to·-ing में से चुनिए. जहाँ कर्म पर पूरक वाला काम 'बीतता' हो, वहाँ भूतकालिक कृदंत (p.p.) आता है.
| पहचान का क्रम | सवाल | फ़ैसला |
|---|---|---|
| पहला क़दम | कर्म ही उस काम का करने वाला? | कर्तृवाच्य → मूल/to/-ing / कर्मवाच्य → p.p. |
| दूसरा क़दम | क्रिया प्रेरणार्थक (make/let/have)? | क्रिया का मूल रूप |
| तीसरा क़दम | क्रिया इंद्रियबोधक (see/hear/feel)? | मूल(पूरा) / -ing(चलते हुए) |
| चौथा क़दम | क्रिया want/ask/tell/expect? | to वाला रूप |
| पाँचवाँ क़दम | कर्म पर वह काम बीतता है? | भूतकालिक कृदंत (p.p.) |
- I had the mechanic check the engine. (मैंने मिस्त्री से इंजन की जाँच करवाई.)
- I had the engine checked. (मैंने इंजन की जाँच करवा ली.)
- I want him to call me back. (मैं चाहता हूँ कि वह मुझे पलटकर फ़ोन करे.)
- We watched the sun setting over the sea. (हमने सूरज को समुद्र के पार डूबते देखा.)
मुख्य बिंदु
- 1कर्म के पूरक की जगह पर संज्ञा·विशेषण·क्रिया का मूल रूप·to वाला रूप·-ing·p.p. — छह रूप आते हैं और कौन-सा आएगा यह आगे वाली क्रिया तय करती है — यही पाँचवें वाक्य-प्रारूप की जड़ है. (उदाहरण: I want you to stay / I made you stay)
- 2प्रेरणार्थक क्रियाएँ make/let/have कर्म के पूरक में बिना to वाला क्रिया का मूल रूप लेती हैं — पाँचवें वाक्य-प्रारूप में यहीं सबसे ज़्यादा गड़बड़ होती है. (उदाहरण: She made me laugh.)
- 3इंद्रियबोधक क्रियाओं see/hear/feel/watch के आगे मूल रूप (पूरा देखा) और -ing (चलते हुए देखा) — दोनों चल जाते हैं, सिर्फ़ भाव अलग रहता है — यह समझ सीख लीजिए. (उदाहरण: I saw him cross / crossing the street.)
- 4जब कर्म पर पूरक वाला काम 'बीतता' हो तब भूतकालिक कृदंत (p.p.) चलता है और तब have/get का अर्थ '~ करवाना·करवा लेना' निकलता है — यही प्रेरणार्थक कर्मवाच्य की जड़ है. (उदाहरण: I had my hair cut.)
- 5want/ask/tell/expect/allow कर्म के पूरक में सिर्फ़ to वाला क्रिया रूप ही लेती हैं और उसकी जगह मूल रूप या that वाला उपवाक्य नहीं रखा जा सकता — यह नियम निभाइए. (उदाहरण: I want you to come.)